रितु इंसान ने महिला आत्मनिर्भरता के लिए 1 अगस्त से 10 अगस्त तक शुरू की कांवड़ यात्रा

The soul of india, Haridwar.
देश भर की महिलाओं के उत्थान, सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से रितु इंसा ने 1 अगस्त से 10 अगस्त 2026 तक हरिद्वार से कांवड़ यात्रा की शुरुआत की है। उन्होंने स्थानीय विश्राम गृह में आयोजित प्रेस वार्ता में बताया इस ऐतिहासिक काँवड़ यात्रा में उनके साथ बड़ी संख्या में युवा महिला शक्ति शामिल है, इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक भारतीय महिला को आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित करना और उनकी आंतरिक शक्ति का अहसास कराना है।
रितु इंसा ने बताया कि वह 21 वर्षों से सिलाई, फैशन डिजाइनिंग की ऑफ़ लाइन व ऑन लाइन क्लास चला रही हैं जिसके माध्यम से कई लड़कियां, महिलाएं अपने स्वयं के व्यवसाय के योग्य हुई हैं, रितु इंसा ने बताया लगभग 50 शाखाएं उनके द्वारा सिलाई व फैशन डिजाइनिंग की हरियाणा राज्य में खोली जा चुकी हैं, इच्छा है कि पूरे देश विदेश में मैं यह कार्य महिला व युवाओं को सिखा सकूँ. दावा किया कि वे अबतक लगभग 3 लाख 50 लड़कियों महिलाओ को सिलाई, फैशन डिजाइनिंग में पारंगत कर चुकी हैं. उन्होंने यह भी कहा कि कोई महिला मुझे केवल तीन माह समय दे सीखने के लिए तो वह उसकी जिंदगी बदल सकती हैं.
यात्रा के विषय में उन्होंने बताया कि यह कांवड़ यात्रा ‘हर की पौड़ी’ से शुरू होकर रुड़की, मुजफ्फरनगर, शामली, पानीपत, गोहाना, रोहतक, भिवानी और महम से गुजरते हुए अपने अंतिम गंतव्य ‘भैणी सुरजन’ (रितु इंसान के पैतृक गाँव तक पहुंचकर 10 अगस्त को समाप्त होगी.
आयोजन टीम और इवेंट्स एंड बियॉन्ड के संस्थापक तजिंदर सिंह ने जनता, मीडिया और सामाजिक नेताओं से इस अभियान में शामिल होकर रितु इंसा और उनकी टीम का मनोबल बढ़ाने की अपील की है। टीम का मानना है कि एक महिला के सशक्त होने से ही समाज और राष्ट्र मजबूत होता है।
