हरिओम सरस्वती (पी.जी.) काॅलेज धनौरी, हरिद्वार में विधिक जागरूकता व साक्षरता शिविर का आयोजन हुआ
हरिद्वार.स्थायी लोक अदालत हरिद्वार व जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार के संयुक्त तत्वावधान में हरिओम सरस्वती (पी.जी.) काॅलेज धनौरी, हरिद्वार में विधिक जागरूकता व साक्षरता शिविर का आयोजन हुआ । इस कार्यक्रम की मुख्य अतिथि श्रीमती नीतू जोशी, न्यायाधीश ( उच्चतर न्यायिक सेवा ) अध्यक्ष, स्थायी लोक अदालत हरिद्वार तथा विशिष्ट अतिथि वरिष्ठ अधिवक्ता सुप्रीम कोर्ट नई दिल्ली, डाॅ0 अजयवीर पुंडीर, डिप्टी एडवोकेट जनरल उत्तराखण्ड सरकार उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में रमन कुमार सैनी डिप्टी एल0ए0डी0सी द्वारा छात्र-छात्राओं को कानून की सामान्य जानकारी प्रदान कराते हुए अपने विचार व्यक्त किए तथा साइबर अपराध से बचाव के बारे में भी जानकारी प्रदान कराते हुए साइबर अपराध से संबंधित शिकायत हेतु हेल्पलाइन नं0 1930 तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यों तथा नालसा के हेल्पलाइन नं 15100 को बताया गया व विश्व पर्यटन दिवस के उपलक्ष्य में भी अपने विचार व्यक्त किए। वरिष्ठ अधिवक्ता डाॅ0 अजयवीर पुंडीर के द्वारा बताया गया कि माननीय नालसा, नई दिल्ली द्वारा समय समय पर राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाता है जिसमें सुलह समझौतों के आधार पर वादों का निस्तारण होता है और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में इस तरह के विधिक जागरूकता शिविर आयोजन होने से आम जनता को कानून की सामान्य जानकारी व अदालतों में अपनायी जाने वाली प्रक्रिया के बारे में जानकारी मिलती है। मुख्य अतिथि ने अपने संबोधन में स्थायी लोक अदालत हरिद्वार की कार्यप्रणाली के बारे में विस्तृत जानकारी दी गयी, जिसमे स्थायी लोक अदालत में वाद दायर करने के संबंध में जो मामले पब्लिक यूटीलिटी सर्विस (लोक उपयोगी सेवा) से संबंधित जिनका मूल्यांकन 1 करोड़ रूपये तक हो, जैसे- वायु, सड़क, जलमार्ग द्वारा यात्रियों या माल के वाहन के लिए यातायात सेवा, डाक या तार या टेलिफोन सेवा, ऐसा संस्थान जो जनता को विद्युत प्रकाश या जल प्रदान करता है, लोक सफाई या स्वच्छता प्रणाली, अस्पताल व औषधालय में सेवा, बीमा सेवा और बैंकिंग सेवा, शैक्षिक व शैक्षणिक संस्थानों, आवास व भू संपदा सेवा आते हैं ऐसे मामले स्थायी लोक अदालत में योजित किए जा सकते हैं, लेकिन वाद पहले से किसी न्यायालय में लंबित नहीं होना चाहिए। माननीय अध्यक्षा द्वारा यह भी जानकारी प्रदान करायी गयी कि अब स्थायी लोक अदालत में वाद की सुनवाई पक्षकारों के निवेदन पर वी0सी0 ( VC) के माध्यम से भी की जा सकती है और ईमेल के माध्यम से भी वाद योजित किए जा सकते हैं, साथ ही छात्र-छात्रों को संविधान में प्रदत्त मौलिक अधिकारों के साथ-साथ कत्र्तव्यों के बारे में बताया गया तथा आम नागरिक को स्वच्छता के संबंध में भी अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए। इस अवसर पर काॅलेज प्रबंधन समिति के अध्यक्ष हर्ष सैनी के द्वारा अपने संबोधन में कहा कि काॅलेज में इस तरह के शिविर आयोजित होने से छात्र-छात्राओं को एक अलग ऊर्जा व प्रेरणा मिलती है। काॅलेज के प्रचार्य डाॅ0 योगेश कुमार योगी के द्वारा सभी अतिथिगण का स्वागत करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया। इस कार्यक्रम काॅलेज के भारी संख्या में छात्र-छात्रा व अध्यापकगण उपस्थित रहे।
