*जीबीएम कॉलेज में ब्रेस्ट कैंसर, सरवाइकल कैंसर, एवं ओरल हाईजीन पर एक दिवसीय संगोष्ठी का हुआ आयोजन*
*-कार्यक्रम का संयोजन कॉलेज की एनएसएस इकाई, सेहत केंद्र एवं इनरव्हील क्लब ऑफ गया सनराइज ने संयुक्त रूप से किया।*

गया जी। गौतम बुद्ध महिला कॉलेज में 7 अप्रैल को मनाए जाने वाले विश्व स्वास्थ्य दिवस के तहत प्रधानाचार्य डॉ सीमा पटेल की अध्यक्षता में कॉलेज की एनएसएस इकाई, सेहत केन्द्र, एवं इनरव्हील क्लब अॉफ गया सनराइज के संयुक्त तत्ववधान में “ब्रेस्ट कैंसर, सरवाइकल कैंसर, ओरल हाईजीन, एण्ड वैक्सीनेशन” पर एक दिवसीय संगोष्ठी आयोजित हुई। कार्यक्रम का संचालन एवं समन्वयन कर रहीं कॉलेज की एनएसएस प्रोग्राम अॉफिसर डॉ कुमारी रश्मि प्रियदर्शनी ने कार्यक्रम अध्यक्ष प्रधानाचार्या डॉ सीमा पटेल, इनरव्हील क्लब अॉफ गया सनराइज की प्रेसिडेंट डॉ. निभा सिंह, ईवा हास्पिटल से आगत प्रसूति रोग चिकित्सक-सह-स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ एकता वर्मा, स्त्री रोग, प्रसूति रोग एवं पीरियड रोग विशेषज्ञ डॉ सोनम, एवं स्त्री रोग विशेषज्ञ एवं प्रसूति चिकित्सक डॉ लवली, सेहत केंद्र की नोडल अॉफिसर डॉ प्रियंका कुमारी, उपस्थित प्रोफेसरों, शिक्षकेतर कर्मियों एवं छात्राओं का संगोष्ठी में स्वागत किया। डॉ निभा सिंह ने संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य छात्राओं को ब्रेस्ट कैंसर एवं सरवाइकल कैंसर के प्रति जागरूक करके दूसरों को जागरूक करने के लिए प्रेरित करना बतलाया। बतौर प्रथम वक्ता डॉ एकता वर्मा ने ‘ब्रेस्ट कैंसर, सिम्टम्स एण्ड क्योर’ विषय पर सविस्तार अपनी बात रखी। पॉवर प्वाइंट प्रेजेंटेशन द्वारा उन्होंने स्तन कैंसर के प्रारंभिक लक्षणों एवं उनसे बचाव के उपायों को सचित्र समझाया।
डॉ सोनम ने ‘सरवाइकल कैंसर एण्ड वैक्सीनेशन की आवश्यकता’ पर पॉवर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से प्रकाश डाला। कहा कि सर्वाइकल कैंसर बच्चेदानी के मुंह का कैंसर है। यह गर्भाशय ग्रीवा की कोशिकाओं में अनियंत्रित रूप से विकसित होने वाला एक घातक ट्यूमर है, जो मुख्य रूप से ह्यूमन पेपिलोमा वायरस (एचपीवी) के कारण होता है। यह बढ़ती उम्र, असुरक्षित यौन संबंधों, धूम्रपान, और कमजोर प्रतिरक्षा प्रणाली से फैलता है। शुरुआती चरणों में इसके लक्षण कम दिखते हैं, लेकिन योनि से असामान्य रक्तस्राव इसका एक मुख्य संकेत हो सकता है। उपचार में सर्जरी, रेडिएशन थेरेपी, और कीमोथेरेपी शामिल हो सकती है। एचपीवी वैक्सीन लगवाना, नियमित पैप स्मीयर जाँच और हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाना बचाव के लिए जरूरी हैं। स्त्री रोग विशेषज्ञ एवं प्रसूति चिकित्सक डॉ लवली ने ‘ओरल हाईजीन एण्ड इट्स कॉन्सिक्वेन्स अॉन जेनेरल हेल्थ’ पर छात्राओं से जानकारियाँ साझा कीं।
प्रधानाचार्या डॉ सीमा पटेल ने कहा कि छात्राओं को अपने स्वास्थ्य पर ध्यान देते हुए ब्रेस्ट कैंसर, सरवाइकल कैंसर संबंधी किसी भी तरह के लक्षण दिखते ही लज्जा और संकोच को छोड़कर स्त्री रोग विशेषज्ञ व संबंधित चिकित्सकों से जाँच करवानी चाहिए। प्रधानाचार्या से सहमति प्राप्त करके क्लब की प्रेसिडेंट डॉ निभा सिंह ने आने वाले समय में सरवाइकल कैंसर से बचाव के लिए महाविद्यालय परिसर में वैक्सीनेशन कैंप लगाने की घोषणा की। डॉ निभा ने प्रधानाचार्य के अनुरोध पर क्लब की ओर से सैनेटरी पैड वेंडिंग एण्ड डिस्पोजल मशीन लगाने का आश्वासन दिया। साथ ही, उन्होंने क्लब की ओर से प्रधानाचार्य डॉ पटेल, एनएसएस प्रोग्राम अॉफिसर डॉ रश्मि प्रियदर्शनी, डॉ प्रियंका सहित समस्त महाविद्यालय परिवार के प्रति एक अत्यंत संवेदनशील समस्या पर संगोष्ठी के आयोजन का अवसर प्रदान करने के लिए हार्दिक कृतज्ञता जताई।
धन्यवाद ज्ञापन सेहत केन्द्र की नोडल अॉफिसर डॉ प्रियंका कुमारी ने किया। कार्यक्रम में डॉ सहदेब बाउरी, प्रीति शेखर, डॉ शुचि सिन्हा, डॉ विजेता लाल, डॉ फातिमा, डॉ नुद्रतुन निसां, डॉ प्यारे माँझी, डॉ आशुतोष कुमार पांडेय, डॉ सुनीता कुमारी, डॉ सुरबाला कृष्णा, डॉ रानी कुमारी, नुजहत जहां, रौशन कुमार, अभिषेक कुमार भोलू, तनवीर अली, राकेश कुमार, एनएसएस वॉलेंटियर कसक, कशिश, संजना, शैली, वैष्णवी, सिमरन, स्मिता, कांति, जूली , काजल, सृष्टि, सीमा सहित डेढ़ सौ से अधिक छात्राओं की उपस्थिति रही।
